2018 नामक साल की हुई बेदर्दी से देर रात हत्या!!

Breaking
जनसम्पर्क-life

लम्बे समय से वक़्त नामक क़ातिल 2018 को मौत के घाट उतारने कि फ़िराक़ में तेज़ी से गुज़र रहा कल रात तक़रीबन 12 बजे मौक़ा देख बेरहम वक़्त ने 2018 का आतिशबाज़ी की आवाज़ों के बीच गला घोंट दिया हालांकि पुलिस क़त्ल को गुज़रा कल समझकर मामले की तह तक जाने में असफ़ल है तो वहीं गृहमंत्री राजनाथ सिंह का कहना है कि 2018 की हत्या के तार पड़ोसी मुल्क़ से जुड़ सकते जिस की जांच के लिए हम ने NIA की स्पेशल टीम गठित की है। इधर जांच में जुटी NIA का पहला शक रात 12 बजे तक पार्टी बनाने और फटाके फोड़ने वालो पर है। अब देखना ये है कि 2018 का क़ातिल पकड़ा जाता है या बीते वर्षो की तरह वक़्त 2019 का भी क़त्ल कर देता है।

जनसम्पर्कlife की तरफ़ से 18 के गम से नम हुई आंखों पर 19 कि आनेवाली ख़ुशियों का रुमाल मुबारक़ हो!

अनम इब्राहिम

Related posts