【🎁संतोष कुमार सिंह चंबल आईजी को सालगिराह का सलामती भरा सलाम🎁】

💐मुबारक़नामा💐

[[[किसी को अगर अपना मानो तो रिश्ते के रसूक को वक़्त रहते निभा लेना चाहिए और हर अच्छे मौक़ो पर हौसला अफ़ज़ाई के साथ दिली दुआओं से ज़ाहिरी इस्तक़बाल भी करना चाहिए वैसे यह अदा हर एक अच्छे सच्चे और क़ाबिल इंसान की फ़ितरत में रचीबसी रहती है लेकिन अफ़सोस की में तो नालायक हूं देरी का दायरा तोडक़र ही सहीं लेकिन जुर्म को रोकने के लिए हर वक़्त फ़िक्रमन्दी में मसरूफ़ रहने वाले फ़रिश्ते क़िरदार चम्बल आईजी संतोष कुमार सिंह को सालगिराह की दिली मुबारक़ देता हूँ!]]]

◆-अनम इब्राहिम-◆

प्रदेश पुलिस के कई आते जाते क़ाफ़िलो के सरदारों के क़िरदारों को तहक़ीकात के तालाब में कूद के बेलिबास देखा है। लेकिन कुछ ख़ाकी के सरदार शहर कि सरहदों से तो तबादलों की शक़्ल में निकल गए परन्तु कुछ ऐसे भी गुज़रे जो शहर से रुक्सत तो हो गए लेकिन आज भी उनके किए हुए कामो की कद्र हमारे दिलो से नही निकल पाई ऐसा ही एक नाम पुलिसिया सरदारों में हिकमत के हकीम चंबल आईजी का है – संतोष कुमार सिंह की पुलिसिंग हर आईपीएस के लिए इबरत का एक ऐसा क़ब्रिस्तान है जहां वारदातों को पैदा होने से पहले ही दफ़ना दिया जाता है। संतोष सर क़ाबिल अफ़सर के साथ-साथ एक ऐसे संजीदा ईमानदार फ़िक्रमंद शख्सियत है जिनकी लम्बी उम्र और हिफाज़त कि मेरा धड़कता दिल हमेशा दुआ करता है।
इंदौर और भोपाल में चंबल आईजी संतोष कुमार सिंह की शख्सियत के खूटे ठुके हुए है। संतोष कुमार ने भोपाल में महिला अपराधों पर नकेल कसने के लिए इतने हिकमत के औज़ार पुलिस के हाथों में थमाकर गए है जिस से आज भी पीड़ित महिलाएं नफ़ा हासिल करती है चाहे वो मैत्री स्कूटर महिला पुलिस फोर्स के ज़रिए हो या WE Care for you के ज़रिए संतोष कुमार की पुलिसिंग का ज़िक्र चंद अल्फाज़ो में नही किया जा सकता।

दो दिन देर से ही सहीं आईजी चंबल सन्तोष कुमार सिंह को सालगिराह की दिली मुबारक़बाद!!

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