मप्र: रिश्वत लेना पटवारी को पड़ा महंगा, लोकायुक्त रंगेहाथों दबोचा

सतना। इस देश में रिश्वत का खेल जारी है। भ्रष्टाचार के खिलाफ ढेरों कानून बनाए गए हैं। लेकिन इन कानूनों से कोई फायदा नहीं हुआ। भ्रष्टाचार आज भी मौजूद है। हर दिन करोड़ों रुपयों की घूस दी और ली जाती है। ताजा मामला सतना जिले से सामने आया है। जहां रीवा लोकायुक्त पुलिस ने गुरुवार को मैहर तहसील स्थित गांव कोलगवां के पटवारी को ढाई हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार किया है। बताया गया है कि पटवारी ने प्लाट के नामांतरण और ऋण पुस्तिका बनवाने के एवज में रिश्वत की मांग थी, जिसकी शिकायत के बाद उक्त कार्रवाई की गई। लोकायुक्त पुलिस की टीम ने भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

लोकायुक्त निरीक्षक हितेन्द्रनाथ शर्मा ने बताया कि मैहर निवासी अरुण कुमार मिश्रा ने बुधवार को शिकायत की थी कि उसने एक प्लाट खरीदा है, जिसके नामांतरण एवं ऋण पुस्तिका तैयार करने के एवज में हल्ला नंबर 83 कोलगवां के पटवारी सुरेश मिश्रा तीन हजार रुपये की रिश्वत की मांग कर रहा है। बाद में उसकी 25 सौ रुपये में बात तय हुई है। शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से फरियादी को गुरुवार को रिश्वत के पैसे लेकर पटवारी सुरेश मिश्रा के पास भेजा और जब उसने पैसे दिये, उसी समय लोकायुक्त पुलिस की टीम ने दबिश देकर पटवारी को रिश्वत के पैसों के साथ रंगेहाथों गिरफ्तार कर लिया। लोकायुक्त की कार्रवाई फिलहाल जारी है।

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