इंदौर: बेटी के प्रेम प्रसंग से नाराज मां ने बेटी के साथ मिलकर खुद को लगाई आग, मौत

इंदौर। शहर से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। जहां शहर के बडग़ोंदा थाना क्षेत्र में एक महिला ने अपनी बेटी के प्रेम प्रसंग से नाराज होकर उससे विवाद किया और उसे चांटे मारने के बाद खुद पर और बेटी पर घासलेट डालने के बाद आग लगा ली। दोनों को गंभीर रूप से झुलसी अवस्था में उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, लेकिन बचाया नहीं जा सका। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। घटना बड़गोंदा थाना क्षेत्र के गवली पलासिया स्थित ग्राम खेड़ा की है।

जानकारी के अनुसार, ममता पिता आशाराम (20) और उसकी मां संतराबाई (38) को एम्बुलेंस 108 में आशाराम व उसका भतीजा जितेंद्र गंभीर रूप से झुलसने पर बुधवार शाम को एमवाय अस्पताल लेकर पहुंचे थे, जहां दोनों को भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया। रात करीब 10.45 बजे संतराबाई और गुरुवार को तडक़े तीन बजे ममता ने दम तोड़ दिया। बेलदारी करने वाले आशाराम के अनुसार बेटी ममता का गांव के ही एक युवक से प्रेम प्रसंग था। दोनों शादी करना चाहते थे। युवक के परिजन भी तैयार थे लेकिन पत्नी संतरा और मैं इसके लिए राजी नहीं था।

आशाराम बुधवार को दोपहर में खाना खाने के लिए घर पहुंचा तो राहुल के परिजन वहां आ गए। वे लोग ममता की शादी का दबाव बनाने लगे। इस दौरान पत्नी ग्राम आशापुरा के पास पारसी टेकरी पर चने के खेत में काम के लिए गई थी। आशाराम तुरंत पत्नी के पास गया और उसे पूरी बात बताई। इससे नाराज पत्नी उसके साथ घर पहुंची और राहुल के परिजन को वहां से रवाना करने के बाद बेटी ममता को समझाने लगी। दोनों में हुआ था विवाद दोनों में कहासुनी के बीच विवाद बढ़ा तो पत्नी ने बेटी को अंदर कमरे में ले जाकर दो-तीन तमाचे जड़ दिए। इससे विवाद और बढ़ गया। इसके बाद गुस्साई पत्नी ने दरवाजा लगाने के बाद बेटी के ऊपर घासलेट डालकर खुद पर भी घासलेट उंडेल लिया। दोनों की चीख पुकार सुनकर मुझे माजरा समझने में देर नहीं लगी। दरवाजा तोडक़र बाहर निकाला इस बीच भतीजा जितेंद्र भी आ गया।

आशाराम और उसने दरवाजा तोडक़र मां-बेटी को बाहर निकाला। बेटी को मैं बाहर वाले कमरे में ले गया। पत्नी से माचिस छीन ली। कुछ देर बाद आग की लपटों से घिरी पत्नी दौड़ते हुए अंदर वाले कमरे से बाहर निकली और बेटी को छूते हुए निकल गई। बेटी भी आई चपेट में घासलेट में भीगी बेटी भी आग में जलने लगी। आशाराम और भतीजे ने मिलकर पानी और अन्य साधनों से दोनों की आग बुझाई। इस दौरान गांव के अन्य लोग भी आ गए। बाद में उन्हें एम्बुलेंस से अस्पताल के लिए लेकर निकले लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।

Related posts